राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ हरिद्वार नगर द्वारा श्री कृष्ण जन्माष्टमी के पावन पर्व पर दही-हांडी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। मायापुर स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में हुई दही-हांडी प्रतियोगिता में उत्तरी, मध्य व दक्षिण उपनगर की टोलियों ने प्रतिभाग किया।
स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए आरएसएस के विभाग संपर्क प्रमुख रोहिताश्व कुँवर ने 15 अगस्त 1947 में मिली भारत को स्वाधीनता के संघर्ष की गाथा व क्रांतिकारियों के बलिदान को याद करते हुए भगवान श्री कृष्णा के जन्म से लेकर निर्वाण तक के वृत्ताांत पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भगवान होते हुए भी कृष्ण को जेल में पैदा होना पड़ा। पैदा होते ही अपने मां-बाप से अलग होना पड़ा,सत्य व धर्म की रक्षा के लिए अपने सगे मामा का वध किया तथा महाभारत जैसे महायुद्ध का नेतृत्व किया। उन्होंने कहा कि धरती पर जो भी इंसान जन्मा है उसके जीवन में कुछ ना कुछ संघर्ष आवश्यक हैं। बिना संघर्ष के मानव जीवन अनउपयोगी है।
दही-हांडी प्रतियोगिता में जिला संघचालक डॉक्टर यतीन्द्र नाग्यान व जिला शारीरिक शिक्षण प्रमुख आदेश कुमार ने निर्णायक की भूमिका निभाई। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर उपनगर मध्य, द्वितीय उपनगर उत्तरी व तृतीय स्थान पर उपनगर दक्षिण की टोलियां रही।

More Stories
जिले में उल्लास पूर्वक ईद का त्यौहार मनाया गया
नवरात्रि के अवसर पर हरिद्वार के मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी
आज साल का पहला चंद्र ग्रहण लगेगा