चुनाव आयोग ने शुक्रवार को आदेश देते हुए शिवसेना पार्टी का नाम और सिम्बल शिंदे गुट को आधिकारिक तौर पर दे दिया है। शिवसेना पर अधिकार को लेकर एकनाथ शिंदे गुट और उद्धव ठाकरे गुट के बीच लगातार खींचतान चल रही थी|
इसी बीच 17 फरवरी को चुनाव आयोग ने आदेश देते हुए कहा की पार्टी का नाम शिवसेना और पार्टी सिम्बल धनुष-बाण एकनाथ गुट के पास ही रहेगा। चुनाव आयोग का ये फैसला सुनके उद्धव ठाकरे को बड़ा झटका लगा है वही शिंदे गुट की ये बड़ी जीत है।चुनाव आयोग के इस फैसले के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा की ये बालासाहेब ठाकरे के विचारों की विजय है | ये हमारे सारे कार्यकर्ता और सांसदो विधायको और लाखो शिवसैनिको की जीत है, ये लोकतंत्र की विजय है|

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