मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ आरके सिंह ने जनपद के सभी निजी अस्पताल, नर्सिंग होम, डिस्पेंसरी, मेटरनिटी अस्पताल संचालको से क्लीनिकल स्टेब्लिशमेंट रेगुलेशन, बायो मेडिकल वेस्ट मैंनेजमेंट, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मे पंजीकरण कराने का आग्रह किया हैं।साथ ही डिलीवरी, सिजेरीयन और शिशुओं के जन्म का पूरा ब्योरा प्रत्येक माह स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराना होगा। अपने कार्यालय में आयोजित बैठक मे सीएमओ ने कहा कि सभी निजी चिकित्सालय शासन द्वारा निर्गत चिकित्सा पद्धति के तय मानको के अनुसार सेवा प्रदान करें। उन्होंने कहा प्रसव सुविधा प्रदान करने वाले अस्पताल जन्म, मृत्यु पोर्टल से लिंक कर लें।

More Stories
मंत्री रेखा आर्य ने नंदा गौरी योजना के तहत बालिकाओं के खातों में 19.23 करोड़ रुपये की सहायता राशि जारी की
नगर निगम भूमि घोटाले की जांच में विजिलेंस ने आरोपियों के खिलाफ कई शहरों में छापेमारी की
फूड सेफ्टी विभाग और हरिद्वार डिस्ट्रीब्यूटर एसोसिएशन की बैठक आयोजित हुई